सहारनपुर जिला महिला अस्पताल से सोमवार को चोरी हुए नवजात बच्चे को पुलिस ने सकुशल बरामद कर लिया है। पुलिस ने इस मामले में एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी महिला की पहचान आशु के रूप में हुई है। नवजात को उत्तराखंड से बरामद किया गया है। बच्चे की बरामदगी के बाद पुलिस ने उसकी मां शबाना से पहचान कराई और आवश्यक कार्रवाई पूरी करने के बाद नवजात को परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
इस मामले का खुलासा करते हुए एसपी सिटी ने प्रेसवार्ता में बताया कि पूछताछ के दौरान आरोपी महिला ने नवजात को चोरी करने की वजह संतान न होना बताई। पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला ने कथित तौर पर बच्चे को अपना बताने के लिए पहले से पूरी तैयारी की थी। उसने अपने घर को इस तरह सजाया और आसपास के लोगों को बताया कि उसके यहां बेटा हुआ है।
कई दिनों तक अस्पताल की रेकी का आरोप
पुलिस के मुताबिक, आरोपी महिला ने नवजात को चोरी करने से पहले जिला महिला अस्पताल की कई दिनों तक रेकी की थी। इस दौरान उसने अस्पताल की व्यवस्था और वहां आने-जाने वाले लोगों की गतिविधियों पर नजर रखी। पुलिस का कहना है कि महिला ने अस्पताल के स्टाफ से मिलती-जुलती ड्रेस भी हासिल की थी।
पुलिस के अनुसार, घटना वाले दिन आरोपी महिला अस्पताल पहुंची और खुद को अस्पताल के कर्मचारी के तौर पर प्रस्तुत किया। उस समय नवजात के साथ मौजूद नाजिम से उसने बच्चे को टीका लगवाने के बहाने अपने साथ ले लिया। इसके बाद वह नवजात को लेकर अस्पताल से बाहर निकल गई।
सीसीटीवी कैमरों से मिला अहम सुराग
नवजात के चोरी होने की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए उसकी तलाश शुरू की। थाना जनकपुरी पुलिस और एसओजी की टीमों को बच्चे की बरामदगी के लिए लगाया गया। पुलिस टीमों ने अस्पताल और आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली।
पुलिस के मुताबिक, जांच के दौरान अस्पताल और आसपास लगे सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों की फुटेज का विश्लेषण किया गया। इन फुटेज से आरोपी महिला की गतिविधियों और उसके आने-जाने के रास्ते के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी मिली। इसी आधार पर पुलिस टीमों ने जांच को आगे बढ़ाया और आरोपी महिला तक पहुंचने में सफलता हासिल की।
उत्तराखंड से बरामद हुआ नवजात
पुलिस की जांच में नवजात के उत्तराखंड ले जाए जाने की जानकारी सामने आई। इसके बाद पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए बच्चे को उत्तराखंड से सकुशल बरामद कर लिया। पुलिस ने आरोपी महिला आशु को भी गिरफ्तार कर लिया।
बच्चे के मिलने के बाद पुलिस ने उसकी पहचान अस्पताल में भर्ती उसकी मां शबाना से कराई। पहचान की प्रक्रिया पूरी होने के बाद नवजात को उसके परिजनों को सौंप दिया गया। बच्चे की सकुशल बरामदगी से परिवार ने राहत की सांस ली।
पड़ोसियों से कहा- घर में बेटा हुआ है
पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला ने नवजात को चोरी करने के बाद अपने घर में ऐसा माहौल बनाया, जिससे आसपास के लोगों को यह लगे कि उसके यहां बच्चे का जन्म हुआ है। पुलिस का कहना है कि महिला ने पड़ोसियों से भी कहा कि उसके यहां बेटा हुआ है।
पूछताछ में सामने आए इन तथ्यों के आधार पर पुलिस मामले की पूरी कड़ी जोड़ने में जुटी है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि नवजात को अस्पताल से ले जाने की योजना में आरोपी महिला के साथ कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं।
पुलिस ने जांच के बाद किया खुलासा
सहारनपुर पुलिस के अनुसार, इस घटना के खुलासे में सीसीटीवी फुटेज और पुलिस टीमों की जांच अहम रही। अस्पताल से नवजात के गायब होने के बाद पुलिस ने अलग-अलग स्थानों पर लगे कैमरों की फुटेज को जांच का आधार बनाया। इसके साथ ही संदिग्ध गतिविधियों और महिला की पहचान से जुड़े तथ्यों की भी पड़ताल की गई।
फिलहाल पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया है और मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। पुलिस पूछताछ के आधार पर घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है। नवजात के सकुशल बरामद होने के बाद उसे उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है।
रिपोर्टर: शाकिर राजपूत
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