रामपुर। उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले के बिलासपुर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मतदाता सूची और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) से जुड़ी कथित अनियमितताओं को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ सवाल उठाते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की और राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी आनंद कुमार कनौजिया को सौंपा।
बड़ी संख्या में कार्यकर्ता हुए शामिल
कांग्रेस कार्यकर्ता राष्ट्रीय सचिव एवं पश्चिमी जोन प्रभारी संजीव आर्या, जिलाध्यक्ष प्रमिल कुमार शर्मा उर्फ निक्कू पंडित और पूर्व विधायक संजय कपूर के कैंप कार्यालय पर एकत्र हुए। इसके बाद कार्यकर्ता हाथों में तख्तियां लेकर जुलूस की शक्ल में हाईवे स्थित डॉ. भीमराव आंबेडकर पार्क पहुंचे।
वहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद उप जिलाधिकारी को राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा गया।
मतदाता सूची को लेकर उठाए सवाल
कांग्रेस की ओर से दिए गए ज्ञापन में मतदाता सूची में कथित बदलाव, पात्र मतदाताओं के नाम हटाए जाने और निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता को लेकर सवाल उठाए गए। कार्यकर्ताओं ने इन मामलों की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
निर्वाचन आयोग की आधिकारिक मतदाता सेवा प्रणाली में SIR-2026 से संबंधित मतदाता सूची देखने, नाम खोजने और दावे-आपत्तियों से जुड़ी सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
ज्ञापन में रखी गईं आठ प्रमुख मांगें
कांग्रेस कार्यकर्ताओं के अनुसार, ज्ञापन में कुल आठ प्रमुख मांगें रखी गई हैं। इनमें मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ स्वतंत्र जांच, निर्वाचन आयोग के कुछ फैसलों की संवैधानिक समीक्षा और SIR प्रक्रिया की जांच की मांग शामिल है।
इसके अलावा प्रभावित मतदाताओं को अपना पक्ष रखने का उचित अवसर देने तथा जांच में आरोप प्रमाणित होने की स्थिति में संबंधित अधिकारियों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की मांग भी की गई है।
जांच पूरी होने तक कार्रवाई की मांग
ज्ञापन में यह मांग भी रखी गई कि जांच पूरी होने तक मुख्य निर्वाचन आयुक्त को पद से हटाने पर विचार किया जाए। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता और मतदाताओं का विश्वास बनाए रखने के लिए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच जरूरी है।
यह मांग कांग्रेस की ओर से दिए गए ज्ञापन का हिस्सा है। इन आरोपों और मांगों पर अंतिम स्थिति संबंधित जांच अथवा सक्षम संस्थाओं की कार्रवाई के बाद ही स्पष्ट होगी।
लोकतांत्रिक संस्थाओं में विश्वास पर जोर
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। इसलिए मतदाता सूची और निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े किसी भी विवाद की पारदर्शी तरीके से जांच होनी चाहिए, ताकि मतदाताओं के बीच विश्वास बना रहे।
कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव एवं पश्चिमी जोन प्रभारी संजीव आर्या ने भी अपनी बात रखी।
बाइट संजीव आर्या — राष्ट्रीय सचिव एवं पश्चिमी जोन प्रभारी, कांग्रेस
रिपोर्टर — अफफान अहमद