हमीरपुर जिले से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। ग्रेटर नोएडा में एक डबल डेकर बस में अचानक आग लग जाने से हमीरपुर के तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई। इस हमीरपुर बस हादसा की खबर सामने आते ही पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
हादसे में दो महिलाओं समेत एक युवक की गई जान
जानकारी के अनुसार, हादसे में दो महिलाओं समेत एक युवक की जान चली गई। मृतकों की पहचान ऊषा, सरोज और युवक मयंक के रूप में हुई है। तीनों हमीरपुर जिले के रहने वाले थे और अलग-अलग कारणों से दिल्ली से वापस अपने घर लौट रहे थे, तभी रास्ते में यह भीषण हादसा हो गया।
बहु के जन्मदिन से लौट रही थीं सरोज
हादसे में जान गंवाने वाली सरोज अपनी बहु के जन्मदिन समारोह में शामिल होने के बाद वापस लौट रही थीं। परिवार खुशी के पल बिताकर लौट ही रहा था कि रास्ते में इस दर्दनाक हादसे ने पूरे परिवार को गमगीन कर दिया। सरोज की अचानक हुई मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
दिल्ली में नौकरी करने वाले बच्चों से मिलकर लौट रही थीं ऊषा
वहीं दूसरी मृतका ऊषा दिल्ली में नौकरी कर रहे अपने बच्चों से मिलकर वापस हमीरपुर आ रही थीं। बच्चों से मिलने की खुशी लिए घर लौट रहीं ऊषा को इस बात का अंदाजा भी नहीं था कि यह सफर उनकी आखिरी यात्रा साबित होगी। इस हादसे ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया है।
प्राइवेट जॉब से लौट रहे मयंक की भी गई जान
हादसे में जान गंवाने वाले युवक मयंक दिल्ली में एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी कर रहे थे और छुट्टी पर अपने घर हमीरपुर आ रहे थे। रास्ते में हुए इस हादसे ने उनके परिवार की खुशियां छीन लीं। मयंक की असमय मौत से परिवार और रिश्तेदारों में मातम का माहौल है।
एक साथ तीन मौतों से पूरे गांव में शोक
हमीरपुर जिले के एक साथ तीन लोगों की मौत की खबर से पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ गई है। मृतकों के परिजनों से मिलने और सांत्वना देने वालों का तांता लगा हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यह हादसा बेहद दुखद है और इसने पूरे क्षेत्र को गमगीन कर दिया है।
परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
हमीरपुर बस हादसे ने तीन परिवारों की खुशियां छीन ली हैं। मृतकों के घरों में मातम का माहौल है और परिजन सदमे में हैं। रिश्तेदारों और पड़ोसियों का कहना है कि तीनों अपने-अपने परिवार का सहारा थे और उनकी अचानक मौत ने पूरे परिवार को असहाय बना दिया है। मृतकों के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए दूर-दराज से रिश्तेदार और परिचित पहुंचे। महिलाओं की चीख-पुकार से पूरा माहौल गमगीन हो गया। गांव के लोग एक-दूसरे को सांत्वना देते नजर आए, लेकिन दुख की इस घड़ी में किसी के पास शब्द नहीं थे।
हादसे के बाद प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकीं निगाहें
शवों को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा गया, जिसके बाद उन्हें हमीरपुर लाया गया। स्थानीय प्रशासन से मुआवजे और उचित सहायता की मांग तेज हो गई है। लोगों का कहना है कि बस में सुरक्षा मानकों की अनदेखी के कारण ही यह हादसा हुआ, इसलिए दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। जनप्रतिनिधियों ने भी मृतक परिवारों से मिलने और मदद पहुंचाने का आश्वासन दिया है। फिलहाल पूरे क्षेत्र में इस हादसे को लेकर शोक और आक्रोश दोनों का माहौल बना हुआ है।
प्रशासन से जांच की मांग
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस हादसे की गहनता से जांच की जाए और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। हमीरपुर बस हादसा में मारे गए तीनों लोगों के परिवारों को शीघ्र उचित सहायता प्रदान करने की भी मांग उठाई गई है।
फिलहाल पूरा हमीरपुर जिला इस दुखद घटना से शोकाकुल है और मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की जा रही है।
जिला संवाददाता । हमीरपुर
ये भी पढ़ें: