दिल्ली से सामने आई एक घटना ने सबको हैरान कर दिया है, जिसमें दोस्तों के बीच हुए एक मामूली मजाक ने खूनी रूप ले लिया। नरायणा गांव में रहने वाले 18 वर्षीय सुमित गिरी की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मामले की जड़ में सिर्फ इतनी सी बात थी कि एक दोस्त ने मजाक-मजाक में दूसरे को “पापा” कहने के लिए कहा, लेकिन यह मजाक इतना बड़ा विवाद बन गया कि अंततः एक जान चली गई।
अस्पताल से मिली सूचना के बाद खुला मामला
पुलिस के मुताबिक, 19 सितंबर की रात नरायणा पुलिस थाने को DDU अस्पताल से सूचना मिली कि सुमित गिरी नाम के युवक को बेहोशी की हालत में लाया गया था, लेकिन डॉक्टरों ने उसे पहले ही मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही जांच अधिकारी अपनी टीम के साथ अस्पताल पहुंचे और मामले की तह तक जाने के लिए जांच शुरू कर दी।
कैसे शुरू हुआ विवाद
शुरुआती पूछताछ में सामने आया कि रात करीब साढ़े नौ बजे दो दोस्त बाइक पर सवार होकर पायल सिनेमा की ओर निकले थे। लौटते वक्त रास्ते में उनकी मुलाकात अपने परिचित सुमित और एक अन्य युवक से हुई, जिनका नाम भी संयोग से अमन ही था। बातचीत के दौरान इस दूसरे अमन ने मजाक-मजाक में अपने साथी को खुद को “पापा” कहने के लिए उकसाया। यह छोटी सी बात आरोपी अमन को नागवार गुजरी और उसने तुरंत विरोध जताते हुए चाकू निकालकर धमकाना शुरू कर दिया।
बहस से बढ़कर हिंसा तक पहुंची बात
जब सुमित ने इस पूरे घटनाक्रम का विरोध किया, तो दोनों के बीच तीखी बहस शुरू हो गई। इसी दौरान एक साझा दोस्त भी वहां पहुंचा और झगड़े को शांत कराने की कोशिश करने लगा, लेकिन स्थिति बेकाबू हो चुकी थी। बहस इतनी बढ़ गई कि आरोपी अमन ने कथित तौर पर सुमित पर चाकू से वार कर दिया। बीच-बचाव करने की कोशिश में शामिल दोस्त को भी हल्की चोटें आईं। हमले के बाद आरोपी ने अपने छोटे भाई को मौके पर बुलाया, जिसने कथित तौर पर घायल सुमित के साथ और मारपीट की।
परिवार को सूचना, अस्पताल में हुई मौत की पुष्टि
घटना की जानकारी सुमित के परिवार को दी गई, जिसके बाद उसके माता-पिता तुरंत मौके पर पहुंचे। इसके बाद घायल सुमित को DDU अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। यह खबर मिलते ही पूरे इलाके में शोक और गुस्से का माहौल फैल गया।
पुलिस ने दर्ज किया हत्या का मामला
चश्मदीद के बयान के आधार पर नरायणा पुलिस थाने में हत्या का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार घटना में शामिल सभी लोग एक ही इलाके के रहने वाले हैं और आपस में एक-दूसरे को अच्छी तरह जानते हैं, जिससे यह साफ है कि यह कोई अनजान हमला नहीं बल्कि जान-पहचान के बीच का विवाद था। जांच टीम अब हर पहलू की बारीकी से पड़ताल कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि घटना के दौरान किस-किस की क्या भूमिका थी।
आगे की कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ सबूतों के आधार पर उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इलाके में सुरक्षा को लेकर भी अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है, ताकि इस तरह की घटनाएं भविष्य में दोबारा न हों। यह मामला एक बार फिर यह दिखाता है कि किस तरह छोटी-छोटी बातें अगर समय रहते न सुलझाई जाएं, तो कितना बड़ा नुकसान कर सकती हैं।
ये भी पढ़ें: