भोपाल के चर्चित मॉडल ट्विशा शर्मा मामले में CBI की चार्जशीट सामने आने के बाद केस से जुड़े कई अहम पहलू सामने आए हैं। जांच एजेंसी ने अपनी चार्जशीट में ट्विशा की मौत को आत्महत्या बताया है और उनके पति समर्थ सिंह तथा सास गिरिबाला सिंह पर मानसिक प्रताड़ना और आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप लगाए हैं।
जांच में सामने आई जानकारी के मुताबिक मौत से पहले ट्विशा ने अपने परिवार के सदस्यों से बातचीत की थी। उन्होंने अपने पति के व्यवहार और वैवाहिक तनाव को लेकर चिंता जताई थी। CBI ने इस पूरे घटनाक्रम को कॉल रिकॉर्ड, व्हाट्सऐप संदेश, CCTV फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जांचा है।
आखिरी घंटों में क्या हुआ?
Twisha Sharma Case की चार्जशीट के अनुसार 12 मई की रात ट्विशा ने अपनी भाभी को फोन किया था। बातचीत के दौरान वह काफी परेशान थीं। इसके कुछ समय बाद उन्होंने एक संदेश भेजा, जिसके बाद परिवार को उनकी स्थिति को लेकर गंभीर चिंता हुई।
जांच के मुताबिक रात करीब 9:40 बजे वह अकेले सीढ़ियों की तरफ जाती CCTV फुटेज में दिखाई दीं। इसके बाद उन्होंने अपने पिता को फोन कर परिवार से जल्द आने की बात कही। कुछ देर बाद उन्होंने अपनी मां से भी बातचीत की।
परिवार के सदस्यों ने जब उनसे संपर्क करने की कोशिश की तो जवाब नहीं मिला। इसके बाद घर में मौजूद लोगों ने उनकी तलाश शुरू की और उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या सामने आया?
Twisha Sharma की मौत को लेकर परिवार की ओर से पहले पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर सवाल उठाए गए थे। इसके बाद अदालत के आदेश पर दोबारा मेडिकल जांच कराई गई।
CBI की चार्जशीट में शामिल जानकारी के अनुसार मेडिकल बोर्ड की रिपोर्ट में मौत का कारण फांसी से दम घुटना बताया गया। रिपोर्ट में शरीर पर मारपीट या हाथापाई के स्पष्ट निशान नहीं पाए जाने की बात भी सामने आई है।
शादी के बाद तनाव बढ़ने का आरोप
जांच के अनुसार ट्विशा और समर्थ की मुलाकात एक ऑनलाइन डेटिंग ऐप के जरिए हुई थी। दोनों ने दिसंबर 2025 में शादी की थी। CBI का आरोप है कि शादी के बाद उनके रिश्ते में लगातार तनाव बढ़ता गया।
चार्जशीट में यह भी दावा किया गया है कि ट्विशा अपने पति के व्यवहार को लेकर परिवार के सदस्यों से शिकायत करती थीं। जांच एजेंसी के अनुसार, इन शिकायतों के बावजूद परिस्थितियों में सुधार नहीं हुआ।
हालांकि, मामले में लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत में सुनवाई के बाद ही होगा।
गर्भावस्था को लेकर भी सामने आया विवाद
Twisha Sharma Case में गर्भावस्था से जुड़ा विवाद भी जांच का अहम हिस्सा है। चार्जशीट के अनुसार अप्रैल 2026 में ट्विशा को अपनी गर्भावस्था की जानकारी मिली थी। इसके बाद पति और परिवार के साथ इस मुद्दे को लेकर तनाव बढ़ने का आरोप है।
जांच एजेंसी के मुताबिक इस दौरान ट्विशा मानसिक रूप से काफी परेशान थीं और उन्हें चिकित्सकीय सहायता भी लेनी पड़ी थी। चार्जशीट में काउंसलिंग और डॉक्टरों से हुई बातचीत को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है।
20 लाख रुपये के शेयर का मामला
CBI की जांच में वित्तीय विवाद का एंगल भी सामने आया है। चार्जशीट के मुताबिक ट्विशा के डिमैट अकाउंट में करीब 20 लाख रुपये के शेयर थे।
आरोप है कि इस रकम को संयुक्त खाते में ट्रांसफर करने को लेकर उन पर दबाव बनाया जा रहा था। ट्विशा ने कथित तौर पर इस मांग को स्वीकार नहीं किया था। जांच एजेंसी ने इस वित्तीय विवाद को भी मामले के व्यापक घटनाक्रम से जोड़कर देखा है।
इसके अलावा ट्विशा के परिचितों ने जांच के दौरान उनके मानसिक तनाव और घरेलू परिस्थितियों को लेकर जानकारी दी।
मौत से पहले घर छोड़ने की कोशिश
चार्जशीट के अनुसार 12 मई को ट्विशा ने भोपाल छोड़ने की योजना बनाई थी। उन्होंने राजस्थान जाने के लिए ट्रेन टिकट भी बुक कराया था। इस दौरान परिवार में बातचीत और वैवाहिक काउंसलिंग की कोशिश भी हुई।
CBI के अनुसार काउंसलिंग के बाद ट्विशा घर लौटीं, लेकिन बाद में उनकी मानसिक स्थिति फिर बिगड़ गई। रात में हुई घटनाओं के बाद उनकी मौत हो गई।
जांच अभी पूरी नहीं हुई
CBI ने चार्जशीट दाखिल कर दी है, लेकिन मामले की जांच के कुछ हिस्से अभी जारी हैं। ट्विशा के फोन से जुड़े फॉरेंसिक डेटा, CCTV DVR और कुछ अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का विश्लेषण किया जा रहा है।
जांच एजेंसी ने मामले में दहेज प्रताड़ना और दहेज से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच भी आगे जारी रखने की बात कही है।
Twisha Sharma Case में अदालत के सामने अब CBI की चार्जशीट और उसके साथ पेश किए गए साक्ष्यों की जांच होगी। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही होगी।