By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Hindi News | हिंदी न्यूज़ | Latest News in Hindi, Breaking News in Hindi
  • POLITICS
  • NATIONAL
  • INTERNATIONAL
  • Uttar Pradesh
  • Uttarakhand
  • Haryana
  • Delhi News
  • Bihar
Search
Technology
  • Advertise with us
  • Newsletters
  • Deal
Health
  • Advertise
Entertainment
  • Advertise
© 2022 TV7 Bharat News Network. All Rights Reserved.
Reading: करनाल में पराली जलाने पर कार्रवाई तेज, 750 टीमें उतरीं फील्ड में
Share
Aa
Hindi News | हिंदी न्यूज़ | Latest News in Hindi, Breaking News in Hindi
Aa
Search
  • POLITICS
  • NATIONAL
  • INTERNATIONAL
  • Uttar Pradesh
  • Uttarakhand
  • Haryana
  • Delhi News
  • Bihar
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2023 TV7 Bharat News Network. All Rights Reserved.
Hindi News | हिंदी न्यूज़ | Latest News in Hindi, Breaking News in Hindi > Blog > Haryana > करनाल में पराली जलाने पर कार्रवाई तेज, 750 टीमें उतरीं फील्ड में
Haryana

करनाल में पराली जलाने पर कार्रवाई तेज, 750 टीमें उतरीं फील्ड में

Editorial Team
Last updated: 2026/09/21 at 7:48 PM
Editorial Team
Share
5 Min Read
पराली जलाने पर कार्रवाई, करनाल के खेत में किसान
करनाल में पराली जलाने पर कार्रवाई तेज, 750 अधिकारी फील्ड में तैनात (Image: Social Media)
SHARE

हरियाणा के करनाल जिले में पराली जलाने पर कार्रवाई को लेकर प्रशासन ने कमर कस ली है। धान की कटाई शुरू होते ही जिला प्रशासन और कृषि विभाग पूरी तरह सक्रिय हो गए हैं। खेतों में आग लगाने की घटनाओं पर लगाम कसने के लिए अलग-अलग विभागों से जुड़े 750 से ज्यादा अधिकारियों और कर्मचारियों को गांव-गांव भेजा गया है। यह टीमें एक ओर किसानों को पराली जलाने से होने वाले नुकसान समझाएंगी, तो दूसरी ओर नियम तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई से भी पीछे नहीं हटेंगी।

Contents
उल्लंघन करने वालों पर क्या होगा असरपिछले साल 23 मामले, इस बार लक्ष्य शून्यइन-सीटू और एक्स-सीटू तकनीक पर ₹1200 प्रति एकड़ प्रोत्साहनस्कूल-कॉलेजों में भी चलाया जा रहा अभियानजिले में कितनी पैदावार, कितना निकलेगा अवशेषनिगरानी के लिए सैटेलाइट का भी सहारापर्यावरण और सेहत पर पड़ता है सीधा असरकिसानों से क्या अपील की गईसऊदी भेजी जा रही मक्के की खेप में मिला 55 किलो ड्रग्स, बिहार से आरोपी गिरफ्तार

उल्लंघन करने वालों पर क्या होगा असर

प्रशासन ने साफ कर दिया है कि जागरूक किए जाने के बावजूद जो किसान अपने खेत में आग लगाएंगे, उन पर मुकदमा दर्ज होगा और उनका नाम रेड लिस्ट में डाला जाएगा। इसका सीधा असर यह होगा कि ऐसे किसान अगले दो सीजन तक अपनी फसल सरकारी मंडी में नहीं बेच पाएंगे। यानी पराली जलाने पर कार्रवाई अब सिर्फ जुर्माने तक सीमित न रहकर किसानों की आमदनी से सीधे जुड़ गई है।

पिछले साल 23 मामले, इस बार लक्ष्य शून्य

कृषि विभाग के मुताबिक बीते साल जिले में पराली जलाने के 23 मामले सामने आए थे। इस बार विभाग ने इस आंकड़े को पूरी तरह शून्य पर लाने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए विभाग के पास बेलर सहित जरूरी मशीनरी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है, ताकि किसान बिना आग लगाए भी अपने खेत खाली कर सकें।

इन-सीटू और एक्स-सीटू तकनीक पर ₹1200 प्रति एकड़ प्रोत्साहन

फसल अवशेष प्रबंधन को बढ़ावा देने के लिए सरकार इन-सीटू और एक्स-सीटू तकनीक अपनाने वाले किसानों को 1200 रुपये प्रति एकड़ की प्रोत्साहन राशि दे रही है। कृषि विभाग इस योजना को लेकर भी किसानों को लगातार जागरूक कर रहा है, ताकि ज्यादा से ज्यादा किसान पराली को जलाने के बजाय उसका प्रबंधन करें।

स्कूल-कॉलेजों में भी चलाया जा रहा अभियान

सिर्फ खेतों तक ही जागरूकता अभियान सीमित नहीं है। विभाग ने बताया कि स्कूलों और कॉलेजों में भाषण और स्लोगन जैसी प्रतियोगिताएं भी आयोजित की जा रही हैं, जिनके जरिए युवा पीढ़ी को भी फसल अवशेष प्रबंधन के तरीकों की जानकारी दी जा रही है, ताकि यह संदेश हर घर तक पहुंच सके।

जिले में कितनी पैदावार, कितना निकलेगा अवशेष

करनाल जिले में इस सीजन करीब साढ़े चार लाख एकड़ में धान की खेती हुई है, जिसमें से अब तक करीब 10 फीसदी फसल की कटाई पूरी हो चुकी है। अनुमान है कि इस धान की फसल से करीब 9 लाख मीट्रिक टन फसल अवशेष निकलेगा। विभाग का दावा है कि इस विशाल मात्रा के प्रबंधन के लिए जिले में पर्याप्त मशीनरी मौजूद है।

निगरानी के लिए सैटेलाइट का भी सहारा

केवल फील्ड अधिकारियों पर निर्भर न रहते हुए प्रशासन पराली जलाने की घटनाओं पर नजर रखने के लिए सैटेलाइट तकनीक की मदद भी लेगा, जिससे किसी भी इलाके में आग की घटना तुरंत पकड़ में आ सके।

पर्यावरण और सेहत पर पड़ता है सीधा असर

अधिकारियों ने बताया कि गांव पंचायतों को भी इस जागरूकता अभियान से जोड़ा जा रहा है, जिससे जिले में एक भी मामला सामने न आए। पराली जलाने से न सिर्फ पर्यावरण को नुकसान पहुंचता है, बल्कि इसका सीधा असर लोगों की सेहत पर भी पड़ता है और सांस संबंधी बीमारियां बढ़ने का खतरा रहता है।

किसानों से क्या अपील की गई

प्रशासन ने किसानों से अपील की है कि वे फसल को पूरी तरह सुखाने के बाद ही मंडी लेकर जाएं और कटाई के बाद बचे फसल अवशेष का सही तरीके से प्रबंधन करें। विभाग का कहना है कि इससे किसानों को खुद फायदा होगा और पर्यावरण को भी नुकसान नहीं पहुंचेगा। अगर किसी किसान को फसल अवशेष प्रबंधन में कोई दिक्कत आती है, तो वह नजदीकी कृषि विभाग कार्यालय से संपर्क कर सकता है।

ये भी पढ़ें:

सऊदी भेजी जा रही मक्के की खेप में मिला 55 किलो ड्रग्स, बिहार से आरोपी गिरफ्तार

You Might Also Like

कुरुक्षेत्र धान खरीद विवाद: महापंचायत के ऐलान के बाद पुलिस सख्त, कई किसान नेता हिरासत में

गुरुग्राम दुपट्टा बाइक हादसा: पति के इलाज के बाद घर लौटते वक्त महिला की मौत

6 घंटे की पैरोल पर घर पहुंचा काला जठेड़ी, जुड़वां बेटियों का नामकरण

गुरुग्राम रोड रेज: हुड्डा मार्केट में बलेनो और टैक्सी की भिड़ंत, वीडियो ने मचाया हड़कंप

गुरुग्राम थार कैब टक्कर: सड़क पर मचा तांडव, नशे में चालक ने बार-बार कुचली गाड़ी

TAGGED: Crop Residue Management, Haryana Agriculture Department, Karnal News, Paddy Straw Burning Penalty, Stubble Burning
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp LinkedIn Copy Link Print
Share
By Editorial Team
TV7 Bharat की Editorial Team का उद्देश्य पाठकों तक सटीक, विश्वसनीय, निष्पक्ष और समय पर समाचार पहुंचाना है। हमारी टीम रिपोर्टरों और संवाददाताओं से प्राप्त जानकारी की समीक्षा कर तथ्यों के आधार पर समाचार तैयार करती है। हम समाचार प्रकाशित करते समय आधिकारिक जानकारी, संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया और उपलब्ध तथ्यों को प्राथमिकता देते हैं। किसी तथ्यात्मक त्रुटि की जानकारी मिलने पर टीम उसकी समीक्षा कर आवश्यक सुधार या अपडेट करती है।
Previous Article अली अहमद काफिला कौशांबी में पुलिस जांच के दौरान कौशांबी में रोका गया अली अहमद का काफिला, भाई अहजम से हुई पूछताछ
Next Article जहीर खान सीएसके कोच बनने के बाद टीम के साथ जहीर खान बने सीएसके के नए हेड कोच, 18 साल बाद बदला चेहरा

Social Media Platform

  • Facebook
  • Instagram
  • Twitter
  • YouTube

Latest News

पुष्पा तिवारी भाजपा महिला मोर्चा कानपुर प्रदर्शन
कानपुर में बीजेपी महिला मोर्चा का कांग्रेस कार्यालय पर प्रदर्शन, राहुल गांधी पर साधा निशाना
Politics 12/10/2026
बदायूं में प्रदर्शन करती भाजपा महिला मोर्चा की कार्यकर्ता
बदायूं में भाजपा महिला मोर्चा का कांग्रेस के खिलाफ प्रदर्शन, सांसद पर सख्त कार्रवाई की मांग
Politics 12/10/2026
नवजोत सिंह हत्याकांड के खुलासे की जानकारी देती रामपुर पुलिस
नवजोत सिंह हत्याकांड का खुलासा, न्यूजीलैंड से लौटे सौतेले बेटे समेत दो आरोपी गिरफ्तार
Crime 12/10/2026
बाल अधिकार संरक्षण आयोग के कार्यक्रम में सम्मानित बालिकाएं
अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर बाल अधिकार संरक्षण आयोग का कार्यक्रम, 22 बालिकाओं का हुआ सम्मान
Uttarakhand 12/10/2026

Stay Connected

61k Like
102 Follow
616 Follow
5.9k Subscribe

TV7 भारत एक प्रमुख हिंदी न्यूज़ सैटेलाइट चैनल है, जिसका प्रसारण नोएडा फिल्म सिटी से होता है। चैनल का प्रमुख फोकस उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा और मध्य प्रदेश सहित हिंदी भाषी क्षेत्रों की खबरों पर है। TV7 भारत इन राज्यों में देखे जाने वाले प्रमुख हिंदी समाचार चैनलों में अपनी पहचान बना रहा है। चैनल का स्वामित्व यश मीडिया एंड ब्रॉडकास्ट प्राइवेट लिमिटेड (Yash Media & Broadcast Pvt. Ltd.) के पास है।

Quick Link

  • HOME
  • ABOUT US
  • CONTACT US
  • DISCLAIMER
  • PRIVACY POLICY
  • TERMS & CONDITIONS
  • Editorial Team

Top Categories

  • POLITICS
  • NATIONAL
  • INTERNATIONAL
  • Uttar Pradesh
  • Uttarakhand
  • Haryana
  • Delhi News
  • Bihar

Sign Up for Our Newsletter

Subscribe to our newsletter to get our newest articles instantly!

    Hindi News | हिंदी न्यूज़ | Latest News in Hindi, Breaking News in Hindi
    Follow US

    © 2022 TV7 Bharat News Network. All Rights Reserved.

    Welcome Back!

    Sign in to your account

    Lost your password?