पश्चिम बंगाल के रामपुरहाट में मिला शव, पुलिस हर एंगल से कर रही पड़ताल
पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है। पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की दूर की नातेदार बृष्टि मुखर्जी घटक का पार्थिव शरीर संदेहास्पद परिस्थितियों में बरामद हुआ है। यह घटना रामपुरहाट इलाके की बताई जा रही है, जहां सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम तुरंत मौके पर पहुंची।
घटनास्थल पर पुलिस की कार्रवाई
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस बल ने घटनास्थल को अपने कब्जे में लिया और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव को सरकारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल भिजवा दिया। शव का पंचनामा तैयार करने के साथ ही अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि इस केस के हर संभावित पहलू को खंगाला जाएगा, ताकि असल सच्चाई सामने आ सके।
पति के साथ लंबे समय से चल रहा था तलाक का विवाद
सूत्रों के हवाले से पता चला है कि बृष्टि मुखर्जी घटक और उनके पति के बीच काफी समय से वैवाहिक मतभेद चल रहे थे, जो अंततः अदालत में तलाक की अर्जी तक पहुंच गया था। हालांकि, पुलिस ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि इस पारिवारिक कलह और उनकी मौत के बीच कोई सीधा संबंध है या नहीं। जांच एजेंसी इस बिंदु को भी गंभीरता से देख रही है, लेकिन कोई भी अधिकारिक निष्कर्ष पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बगैर संभव नहीं है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी सबकी निगाहें
फिलहाल मौत के पीछे की वास्तविक वजह को लेकर कोई पुख्ता जानकारी सामने नहीं आई है। यह हादसा था, आत्महत्या थी, या इसमें किसी तीसरे पक्ष की भूमिका थी—इन तमाम सवालों के जवाब पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मिल पाएंगे। तब तक पुलिस मामले को लेकर किसी भी तरह की अटकल से बचती दिख रही है और सिर्फ तथ्यों के आधार पर आगे बढ़ रही है।
पुराने भर्ती घोटाले से भी जुड़ा रह चुका है नाम
गौरतलब है कि बृष्टि मुखर्जी घटक का जिक्र इससे पहले भी सुर्खियों में आ चुका है। उन पर बंगाल के बहुचर्चित प्राइमरी शिक्षक भर्ती घोटाले में अवैध तरीके से नियुक्ति हासिल करने का इल्जाम लग चुका था। हालांकि, पुलिस के अनुसार पुराना यह विवाद और मौजूदा मौत की जांच दोनों अलग-अलग मामले हैं और दोनों को जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।
आगे की कार्रवाई
पुलिस विभाग का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद ही यह तय होगा कि इस केस में आगे कैसी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। परिवार और स्थानीय लोग भी मौत की सही वजह जानने के लिए बेसब्री से रिपोर्ट का इंतजार कर रहे हैं। जांच पूरी होने तक इस मामले में किसी भी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।